yojana ⏱️ 15 मिनट पढ़ें 📅 05 अक्टूबर 2026

कन्या सुमंगला योजना 2026: बेटियों को मिलेंगे ₹25,000, 6 किस्तों का नया शेड्यूल और ऑनलाइन फॉर्म भरने का सही तरीका

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राजेश कुमार मीना
वरिष्ठ सरकारी योजना एवं ग्रामीण विकास नीति विशेषज्ञ

विगत 14 वर्षों से उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और केंद्र सरकार की बाल कल्याण व सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का फील्ड सत्यापन।

⚡ त्वरित उत्तर (Quick Answer)

उत्तर प्रदेश सरकार की मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के तहत बालिकाओं के जन्म से लेकर उच्च शिक्षा (डिग्री/डिप्लोमा) में दाखिले तक मिलने वाली कुल सहायता राशि को ₹15,000 से बढ़ाकर ₹25,000 कर दिया गया है। यह लाभ 6 अलग-अलग चरणों में सीधे बैंक खाते में डीबीटी द्वारा भेजा जाता है। ₹3 लाख तक की वार्षिक आय वाले परिवारों की अधिकतम दो बेटियां इसके लिए पात्र हैं।

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📌 मुख्य विशेषताएं व आवश्यक बिंदु

  • बढ़ी हुई ₹25,000 की आर्थिक मदद: पहले मिलने वाले ₹15,000 को बढ़ाकर अब पूरे ₹25,000 कर दिया गया है।
  • 6 किस्तों में भुगतान: जन्म, 1 साल का टीकाकरण, कक्षा 1, कक्षा 6, कक्षा 9 और 12वीं पास कर कॉलेज में दाखिला।
  • घर बैठे ऑनलाइन आवेदन: mksy.up.gov.in पोर्टल पर किसी भी जनसेवा केंद्र या मोबाइल से फॉर्म भरा जा सकता है।
  • पारिवारिक आय सीमा ₹3 लाख: जिन परिवारों की सालाना आय ₹3,00,000 से कम है, वे सभी इसके पात्र हैं।
  • जुड़वां बेटियों पर विशेष छूट: सामान्यतः परिवार की 2 बेटियों को लाभ मिलता है, लेकिन जुड़वां होने पर तीसरी बेटी को भी लाभ दिया जाता है।
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महिला एवं बाल विकास विभाग उत्तर प्रदेश 2026
कन्या सुमंगला योजना - 6 किस्तों का संशोधित मास्टर स्लैब
चरण / श्रेणी बालिका की स्थिति / कक्षा पहले मिलने वाली राशि अब नई संशोधित सहायता आवश्यक मुख्य दस्तावेज
प्रथम श्रेणी जन्म होने पर (0 से 6 माह के भीतर)। ₹2,000 ₹5,000 जन्म प्रमाण पत्र व अस्पताल डिस्चार्ज स्लिप।
द्वितीय श्रेणी 1 वर्ष का पूर्ण टीकाकरण होने पर। ₹1,000 ₹2,000 आधिकारिक एमसीपी कार्ड (टीकाकरण कार्ड)।
तृतीय श्रेणी कक्षा 1 में औपचारिक दाखिला। ₹2,000 ₹3,000 स्कूल एडमिशन रसीद व हेडमास्टर का पत्र।
चतुर्थ श्रेणी कक्षा 6 में औपचारिक दाखिला। ₹2,000 ₹3,000 कक्षा 5 की मार्कशीट व कक्षा 6 प्रवेश प्रमाण।
पंचम श्रेणी कक्षा 9 में औपचारिक दाखिला। ₹3,000 ₹5,000 कक्षा 8 की मार्कशीट व स्कूल बोनाफाइड।
षष्ठम श्रेणी 12वीं पास कर डिग्री/डिप्लोमा में दाखिला। ₹5,000 ₹7,000 कॉलेज फीस रसीद व छात्र आईडी कार्ड।

बेटियों की शिक्षा, स्वास्थ्य और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार 'मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना' चला रही है। इस योजना के तहत बेटी के जन्म से लेकर स्नातक (ग्रेजुएशन) या डिप्लोमा में प्रवेश तक छह अलग-अलग चरणों में कुल ₹25,000 की वित्तीय सहायता सीधे माता-पिता या छात्रा के बैंक खाते में भेजी जाती है। ₹3 लाख तक की वार्षिक आय वाले परिवारों के लिए यह योजना बालिकाओं के भविष्य की पढ़ाई के लिए एक ठोस संबल है।

आधिकारिक पोर्टल: महिला एवं बाल विकास विभाग उत्तर प्रदेश mksy.up.gov.in एवं हेल्पलाइन 181

1. कन्या सुमंगला योजना में बढ़ी हुई ₹25,000 राशि का नया चरणवार ढांचा

सरकार द्वारा संशोधित नियमों के अनुसार, बच्ची के जन्म पर अब ₹2,000 की जगह ₹5,000, 1 वर्ष के पूर्ण टीकाकरण पर ₹2,000, कक्षा 1 में प्रवेश पर ₹3,000, कक्षा 6 में प्रवेश पर ₹3,000, कक्षा 9 में प्रवेश पर ₹5,000 और 12वीं पास करके डिग्री या डिप्लोमा में दाखिला लेने पर ₹7,000 दिए जा रहे हैं।

इस व्यवस्था को इस तरह तैयार किया गया है कि माता-पिता को बेटी की पढ़ाई छुड़ाने की नौबत न आए। जैसे-जैसे कक्षाएं बड़ी होती हैं और किताबों-फीस का खर्च बढ़ता है, वैसे-वैसे मिलने वाली किस्त की राशि भी बढ़ाई गई है। इससे ड्रॉप-आउट रेट में भारी कमी देखने को मिल रही है।

2. योजना के लिए आवश्यक पात्रता शर्तें: कौन-कौन से परिवार कर सकते हैं आवेदन?

आवेदक परिवार का उत्तर प्रदेश का स्थायी निवासी होना आवश्यक है। परिवार की कुल वार्षिक आय ₹3,00,000 (तीन लाख रुपये) से अधिक नहीं होनी चाहिए। एक परिवार की अधिकतम दो बेटियों को ही इस योजना का लाभ मिल सकता है। यदि दूसरी डिलीवरी में जुड़वां बेटियां होती हैं, तो तीनों बेटियों को लाभ मिलता है।

परिवार में यदि किसी अनाथ बच्ची को कानूनी रूप से गोद लिया गया है, तो उसे भी जैविक संतान की तरह ही प्राथमिकता दी जाती है। बस ध्यान यह रखना है कि परिवार के किसी सदस्य का बैंक खाता आधार से लिंक (Aadhaar Seeded) होना चाहिए ताकि डीबीटी का पैसा बिना किसी रुकावट के सीधे खाते में पहुंचे।

3. mksy.up.gov.in पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन का स्टेप-बाय-स्टेप तरीका

महिला एवं बाल विकास विभाग के आधिकारिक पोर्टल mksy.up.gov.in पर जाकर 'नागरिक सेवा पोर्टल' विकल्प चुनकर रजिस्ट्रेशन करना होता है। इसमें माता-पिता का आधार कार्ड, राशन कार्ड, आय प्रमाण पत्र, निवास प्रमाण पत्र और बालिका का जन्म प्रमाण पत्र ऑनलाइन अपलोड करना होता है।

आवेदन करते समय नीचे दिए गए 5 कदमों का ध्यान रखें:

  1. यूजर आईडी बनाएं: आधिकारिक पोर्टल पर मोबाइल नंबर डालकर ओटीपी सत्यापित करें और अपना लॉगिन आईडी व पासवर्ड तैयार करें।
  2. माता-पिता की जानकारी: लॉगिन करने के बाद परिवार के मुखिया का विवरण, पता, बैंक पासबुक की साफ फोटो और वार्षिक आय का ब्योरा दर्ज करें।
  3. बालिका को जोड़ें (Add Beneficiary): बेटी का नाम, जन्मतिथि और आधार कार्ड (यदि बना हो) या जन्म प्रमाण पत्र संख्या जोड़ें।
  4. उपयुक्त श्रेणी चुनें: जिस चरण (कक्षा 1, कक्षा 6, या जन्म) की किस्त के लिए दावा करना है, उस श्रेणी का चयन करें और स्कूल का बोनाफाइड सर्टिफिकेट अपलोड करें।
  5. फाइनल सबमिट: आवेदन का प्रीव्यू देखकर सबमिट करें और मिलने वाले 16-अंकों के एप्लीकेशन नंबर को लिखकर सुरक्षित रख लें।

4. आवश्यक दस्तावेज सूची और फॉर्म रिजेक्ट होने से बचने के उपाय

बैंक पासबुक में नाम की स्पेलिंग और आधार कार्ड में नाम की स्पेलिंग एक समान होनी चाहिए। यदि बच्ची के स्कूल एडमिशन लेटर में जन्मतिथि और नगर निगम के जन्म प्रमाण पत्र में अंतर होगा, तो ब्लॉक स्तर के वेरिफिकेशन में फॉर्म तुरंत रिजेक्ट हो सकता है।

आवेदन अपलोड करते समय इन मूल कागजातों की स्पष्ट स्कैन कॉपी ही लगाएं:

  • बालिका का जन्म प्रमाण पत्र (नगर निगम, ग्राम पंचायत या अस्पताल से जारी)।
  • माता-पिता या अभिभावक का निवास प्रमाण पत्र और आधार कार्ड।
  • तहसीलदार द्वारा जारी ₹3 लाख से कम का वैध आय प्रमाण पत्र।
  • संबंधित स्कूल या कॉलेज के प्रधानाचार्य द्वारा जारी प्रवेश रसीद या अध्ययन प्रमाण पत्र।
  • बालिका के साथ माता/पिता की संयुक्त पासपोर्ट साइज फोटो।

5. अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)

क्या एक ही बार में पूरे ₹25,000 मिल जाते हैं?

नहीं, यह राशि एकमुश्त नहीं मिलती बल्कि बालिका के जीवन के 6 अलग-अलग शैक्षणिक और स्वास्थ्य पड़ावों पर किस्तों के रूप में दी जाती है, ताकि उसकी पढ़ाई निरंतर जारी रहे।

अगर बेटी पहले से कक्षा 6 में पढ़ रही है, तो क्या पुरानी किस्तों का पैसा मिलेगा?

नहीं, योजना के नियम के अनुसार जिस कक्षा या चरण में बालिका वर्तमान में अध्ययनरत है, आप केवल उसी चालू चरण के लिए आवेदन कर सकते हैं। बैकडेट की किस्तों का क्लेम नहीं किया जा सकता।

आवेदन फॉर्म पेंडिंग दिखने पर किससे संपर्क करें?

यदि फॉर्म काफी दिनों से 'Pending at BDO/SDM' दिख रहा है, तो अपने ब्लॉक के खंड विकास अधिकारी (BDO) कार्यालय या तहसील में समाज कल्याण / महिला कल्याण विभाग के काउंटर पर जाकर अपना एप्लीकेशन नंबर दिखाकर सत्यापन करा सकते हैं।

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