documents ⏱️ 5 मिनट पढ़ें 📅 16 सितंबर 2026

ड्राइविंग लाइसेंस (Driving License) ऑनलाइन कैसे बनवाएं? सारथी पोर्टल, लर्नर लाइसेंस टेस्ट और RTO प्रक्रिया

अमित कुमार
अमित कुमार
वरिष्ठ विधिक एवं लोक सेवा सलाहकार

विधि स्नातक (LL.B.) और प्रशासनिक नियमों (DoPT, नागरिक अधिकार चार्टर, राजस्व संहिता) के विशेषज्ञ। विगत 8 वर्षों से ई-डिस्ट्रिक्ट सेवाओं, सिविल प्रमाण पत्रों, जाति, आय, निवास, और भूमि रिकॉर्ड प्रक्रियाओं पर प्रामाणिक तथ्य-जांच व विधिक मार्गदर्शन दे रहे हैं।

⚡ त्वरित उत्तर (Quick Answer)

भारत में नया ड्राइविंग लाइसेंस (Driving License) बनवाने के लिए सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) के आधिकारिक सारथी पोर्टल (<strong>parivahan.gov.in/sarathi</strong>) पर दो चरणों में आवेदन होता है। प्रथम चरण में <strong>लर्नर लाइसेंस (Learner License)</strong> के लिए आधार कार्ड और 10वीं मार्कशीट के साथ आवेदन करके <strong>घर बैठे मोबाइल/लैपटॉप से ऑनलाइन टेस्ट</strong> दिया जा सकता है, जो पास होते ही तुरंत डाउनलोड हो जाता है (वैधता 6 माह)। दूसरे चरण में, 30 दिन बाद स्थायी ड्राइविंग लाइसेंस (Permanent DL) के लिए आवेदन करके आरटीओ (RTO) में ड्राइविंग ट्रैक टेस्ट देना होता है। कुल सरकारी फीस लगभग <strong>₹1,000 से ₹1,350</strong> (लर्नर + परमानेंट + टेस्ट फीस) होती है। पास होने पर स्मार्ट कार्ड डाक से घर पहुंच जाता है और इसे <strong>DigiLocker</strong> व <strong>mParivahan</strong> में कानूनी रूप से मान्य रखा जा सकता है।

जानकारीविवरण
दस्तावेज़ का नामस्थायी ड्राइविंग लाइसेंस (Permanent Driving License - DL)
जारीकर्ता प्राधिकरणक्षेत्रीय परिवहन अधिकारी (RTO / DTO) / सड़क परिवहन मंत्रालय
अधिनियममोटर वाहन अधिनियम, 1988 (संशोधित 2019)
वाहन श्रेणियांMCWG (गियर वाली बाइक) \LMV (कार/जीप) \Transport (कमर्शियल)
आवेदन का माध्यमऑनलाइन (सारथी पोर्टल: parivahan.gov.in) + RTO ड्राइविंग टेस्ट
सरकारी शुल्कलर्नर लाइसेंस: ₹200 \परमानेंट डीएल + स्मार्ट कार्ड + टेस्ट: ₹700 से ₹1,000
प्रमाण पत्र की वैधतानिजी वाहन: 20 वर्ष अथवा 40 वर्ष की आयु तक (जो भी पहले हो)
डिजिटल डाउनलोडउपलब्ध (mParivahan एवं DigiLocker में 100% कानूनी मान्य)

1. ड्राइविंग लाइसेंस क्या है और इसके प्रकार?

ड्राइविंग लाइसेंस (Driving License) ऑनलाइन कैसे बनवाएं? सारथी पोर्टल, लर्नर लाइसेंस टेस्ट और RTO प्रक्रिया
चित्र: ड्राइविंग लाइसेंस (Driving License) ऑनलाइन कैसे बनवाएं? सारथी पोर्टल, लर्नर लाइसेंस टेस्ट और RTO प्रक्रिया बनवाने की आधिकारिक सरकारी प्रक्रिया एवं आवश्यक दस्तावेजों की वैधानिक गाइड।

मोटर वाहन अधिनियम 1988 के अनुसार सार्वजनिक सड़क पर किसी भी मोटर वाहन को चलाने के लिए वैध ड्राइविंग लाइसेंस अनिवार्य है।

  • MCWG (Motor Cycle with Gear): बिना गियर और गियर वाली सभी मोटरसाइकिलों/स्कूटर के लिए।
  • LMV (Light Motor Vehicle): निजी कार, जीप और वैन चलाने के लिए।
  • Transport / Commercial: टैक्सी, बस, ट्रक और भारी मालवाहक वाहन चलाने हेतु।

2. लाइसेंस बनवाने की दो-चरणीय प्रक्रिया

भारत में सीधे परमानेंट ड्राइविंग लाइसेंस नहीं बनता; यह प्रक्रिया 2 चरणों में पूरी होती है:

  • चरण 1: लर्नर लाइसेंस (कच्चा लाइसेंस) — इसकी वैधता 6 महीने की होती है।
  • चरण 2: परमानेंट ड्राइविंग लाइसेंस (पक्का लाइसेंस) — लर्नर लाइसेंस बनने के कम से कम 30 दिन बाद और 6 महीने से पहले कभी भी परमानेंट डीएल के लिए आरटीओ में टेस्ट दिया जा सकता है।
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3. आयु और पात्रता के नियम

  • 16 वर्ष की आयु: 50cc से कम बिना गियर वाली मोपेड/स्कूटी हेतु (अभिभावक की सहमति अनिवार्य)।
  • 18 वर्ष की आयु: सामान्य मोटरसाइकिल (MCWG) और निजी कार (LMV) के लिए।
  • 20 वर्ष की आयु: कमर्शियल/ट्रांसपोर्ट वाहनों के लिए (कम से कम 1 वर्ष का LMV अनुभव अनिवार्य)।

4. जरूरी दस्तावेज़ों की चेकलिस्ट

दस्तावेज़प्रकारविवरणअनिवार्यता
पहचान व आयु प्रमाणजन्म साक्ष्य10वीं की मार्कशीट, जन्म प्रमाण पत्र, या पैन कार्डअनिवार्य
पता प्रमाणनिवास साक्ष्यआधार कार्ड (मोबाइल नंबर से लिंक होना अनिवार्य)अनिवार्य
पासपोर्ट साइज रंगीन फोटोफोटोग्राफआवेदक की साफ फोटोअनिवार्य
हस्ताक्षर स्कैनहस्ताक्षर साक्ष्यसादे सफेद कागज पर काले पेन से हस्ताक्षरअनिवार्य
मेडिकल सर्टिफिकेट (Form 1A)स्वास्थ्य साक्ष्य40 वर्ष से अधिक आयु या कमर्शियल वाहन के लिए सरकारी डॉक्टर द्वाराशर्तों अनुसार

5. स्टेप 1: लर्नर लाइसेंस (LL) के लिए आवेदन और ऑनलाइन टेस्ट

  1. सारथी पोर्टल खोलें: https://parivahan.gov.in/ पर जाएं और 'Drivers/ Learners License' चुनें।
  2. अपना राज्य चुनें: सूची से अपना गृह राज्य चुनें।
  3. 'Apply for Learner License' पर क्लिक करें।
  4. आधार ऑथेंटिकेशन (Faceless Service):
  • 'Submit via Aadhaar Authentication' चुनें। इससे आपको आरटीओ जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
  • आधार नंबर दर्ज करके ओटीपी सत्यापित करें। आपका नाम, फोटो और पता आधार से स्वतः फेच हो जाएगा।
  1. वाहन श्रेणी चुनें: MCWG (बाइक) और LMV (कार) दोनों पर टिक करें।
  2. दस्तावेज़ अपलोड करें: 10वीं की मार्कशीट और हस्ताक्षर की स्कैन कॉपी अपलोड करें।
  3. फीस जमा करें: ₹350 (लर्नर फीस + टेस्ट फीस) यूपीआई या नेट बैंकिंग से ऑनलाइन जमा करें।
  4. रोड सेफ्टी ट्यूटोरियल देखें: पोर्टल पर सड़क सुरक्षा का अनिवार्य वीडियो पूरा देखें।
  5. घर बैठे ऑनलाइन टेस्ट दें:
  • मोबाइल पर यूजर आईडी और पासवर्ड का एसएमएस मिलेगा।
  • लैपटॉप/मोबाइल के वेबकैम के सामने बैठकर ट्रैफिक नियमों और संकेतों का 15 बहुविकल्पीय (MCQ) प्रश्नों वाला टेस्ट दें।
  • 9 प्रश्न सही होते ही आप पास हो जाएंगे और लर्नर लाइसेंस PDF तुरंत स्क्रीन पर डाउनलोड हो जाएगा!

6. स्टेप 2: परमानेंट ड्राइविंग लाइसेंस (DL) के लिए आवेदन

  • लर्नर लाइसेंस बनने के 30 दिन बाद सारथी पोर्टल पर जाएं और 'Apply for Driving License' चुनें।
  • अपना लर्नर लाइसेंस नंबर और जन्म तिथि डालें।
  • वाहन श्रेणी चुनें और परमानेंट डीएल फीस (लगभग ₹700 से ₹1,000) का ऑनलाइन भुगतान करें।
  • RTO स्लॉट बुकिंग: अपनी सुविधानुसार आरटीओ में ड्राइविंग टेस्ट के लिए तारीख और समय चुनें और स्लॉट बुकिंग स्लिप का प्रिंट निकाल लें।

7. RTO ड्राइविंग ट्रैक टेस्ट कैसे पास करें?

  • निर्धारित तिथि पर अपने वाहन, लर्नर लाइसेंस, आवेदन रसीद और वाहन के प्रदूषण/बीमा कागज़ात के साथ आरटीओ ड्राइविंग ट्रैक पर पहुंचे।
  • कार (LMV) टेस्ट: स्वचालित सेंसर वाले ट्रैक पर कार को 'H' शेप में आगे-पीछे करना और '8' के आकार में घुमाना होता है।
  • बाइक (MCWG) टेस्ट: बिना पैर जमीन पर रखे बाइक को '8' ट्रैक पर संतुलित करके निकालना होता है।
  • टेस्ट पास करते ही मोटर वाहन निरीक्षक (MVI) फाइल को ऑनलाइन अप्रूव कर देता है।

8. सरकारी फीस का पूरा ब्योरा

  • लर्नर लाइसेंस (LL): ₹150 प्रति क्लास + ₹50 ऑनलाइन टेस्ट फीस = ₹350 (बाइक + कार).
  • परमानेंट लाइसेंस (DL): ₹200 प्रति क्लास + ₹300 ड्राइविंग टेस्ट फीस + ₹200 स्मार्ट कार्ड डिलीवरी = लगभग ₹700 से ₹1,000.
  • (नोट: किसी भी दलाल को अतिरिक्त पैसे न दें; पूरी फीस केवल परिवहन विभाग के आधिकारिक पोर्टल पर ऑनलाइन जमा होती है।)

9. mParivahan और DigiLocker में वर्चुअल DL

  • DigiLocker: डिजीलॉकर में 'Ministry of Road Transport and Highways' चुनकर अपना डीएल नंबर डालें।
  • कानूनी मान्यता: केंद्रीय मोटर वाहन नियम, 1989 के नियम 139 के अनुसार, डिजीलॉकर या mParivahan ऐप में मौजूद वर्चुअल ड्राइविंग लाइसेंस भौतिक स्मार्ट कार्ड के 100% समकक्ष है। ट्रैफिक पुलिस इसे अस्वीकार नहीं कर सकती।

10. ड्राइविंग लाइसेंस की वैधता और नवीनीकरण

  • निजी ड्राइविंग लाइसेंस जारी होने की तिथि से 20 वर्ष या धारक की 40 वर्ष की आयु तक (जो भी पहले आए) वैध रहता है।
  • 40 से 50 वर्ष की आयु के बीच यह 10 वर्ष और 50 से अधिक उम्र पर 5 वर्ष के लिए नवीनीकृत किया जाता है।

12. आधिकारिक स्रोत (Official Sources)

  • परिवहन सारथी राष्ट्रीय पोर्टल: parivahan.gov.in
  • सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH): morth.nic.in
  • डिजिटल लॉकर: digilocker.gov.in

Information Last Verified: 16 सितंबर 2026

❓ अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)

Q. क्या लर्नर लाइसेंस अकेले लेकर गाड़ी चला सकते हैं?

A. लर्नर लाइसेंस के साथ आप तभी गाड़ी चला सकते हैं जब गाड़ी के आगे और पीछे लाल रंग का 'L' बोर्ड लगा हो और आपके बगल में एक ऐसा व्यक्ति बैठा हो जिसके पास परमानेंट ड्राइविंग लाइसेंस मौजूद हो।

Q. यदि कोई आरटीओ ड्राइविंग टेस्ट में फेल हो जाए तो क्या करें?

A. फेल होने पर 7 दिन बाद सारथी पोर्टल से दोबारा री-टेस्ट फीस जमा करके नया स्लॉट बुक किया जा सकता है।

Q. क्या मुझे स्मार्ट कार्ड लेने आरटीओ जाना होगा?

A. नहीं, आरटीओ टेस्ट पास होने के बाद लेमिनेटेड माइक्रोचिप स्मार्ट कार्ड स्पीड पोस्ट द्वारा सीधे आपके आधार वाले घर के पते पर भेज दिया जाता है।

Q. क्या ड्राइविंग लाइसेंस (Driving License) कैसे बनवाएं? सारथी पोर्टल, लर्नर लाइसेंस टेस्ट और RTO को डिजिलॉकर (DigiLocker) में रखना कानूनी रूप से मान्य है?

A. हाँ, सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम 2000 और आईटी नियम 2016 के नियम 9A के तहत डिजिलॉकर में उपलब्ध डिजिटल दस्तावेज को मूल भौतिक कागजात के बराबर 100% कानूनी मान्यता प्राप्त है।

Q. इस प्रमाण पत्र / कार्ड की आधिकारिक वैधता (Validity) कितने समय की होती है?

A. अधिकांश सरकारी पहचान और सिविल प्रमाण पत्र (जैसे आधार, जन्म, जाति, निवास) आजीवन (Lifetime) मान्य होते हैं, जबकि आय प्रमाण पत्र सामान्यतः 3 वर्ष और ईडब्ल्यूएस 1 वित्तीय वर्ष के लिए मान्य होता है।