1 अक्टूबर 2026 की सुबह से आपकी जेब, रसोई के बजट, बैंकिंग लेनदेन और प्रॉपर्टी टैक्स से जुड़े 5 बुनियादी नियमों में आधिकारिक बदलाव लागू हो चुके हैं। कमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमतों में ₹62.50 की बढ़ोतरी हुई है, जबकि स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) ने दूसरे बैंकों के एटीएम से कैश निकालने की मुफ्त सीमा तय कर दी है। इसके अलावा एनआरआई (NRI) से अचल संपत्ति खरीदने वालों को टैक्स विभाग ने बड़ी कागजी राहत दी है।
1 अक्टूबर से लागू मुख्य 5 बदलावों का त्वरित विवरण
नया वित्त वर्ष का दूसरा छमाही शुरू होते ही आम नागरिक, वेतनभोगी और छोटे कारोबारियों से जुड़े जो 5 नियम सीधे प्रभावित हुए हैं, उनकी मुख्य रूपरेखा:
- कमर्शियल एलपीजी: 19 किलो वाला व्यावसायिक सिलेंडर ₹62.50 महंगा होकर दिल्ली में ₹2,810 का हुआ।
- घरेलू एलपीजी: 14.2 किलोग्राम घरेलू गैस सिलेंडर की दरों में कोई फेरबदल नहीं, पूर्ववत स्थिर।
- NRI प्रॉपर्टी TDS: धारा 195 के तहत TAN लेने का झंझट खत्म, अब केवल PAN से Form 26QB में चालान भरा जाएगा।
- SBI अन्य बैंक ATM: सैलरी और बचत खातों पर दूसरे बैंकों के एटीएम से फ्री ट्रांजैक्शन की सीमा 5 निर्धारित।
- UPI लेन-देन: आम ग्राहकों के लिए P2P ट्रांसफर पूरी तरह निशुल्क रहने की पुनः पुष्टि।
1. कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर ₹62.50 महंगा, घरेलू गैस पर क्या असर?
सरकारी तेल विपणन कंपनियों (IOCL, BPCL, HPCL) ने 1 अक्टूबर को 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में बढ़ोतरी दर्ज की है:
- कमर्शियल दरें: राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में 19 किलो का सिलेंडर अब ₹2,747.50 से बढ़कर ₹2,810.00 पर पहुंच गया है। मुंबई में ₹2,762.00, कोलकाता में ₹2,917.50 और चेन्नई में ₹2,973.50 प्रति सिलेंडर नई दर लागू हो गई है।
- घरेलू सिलेंडर की स्थिति: 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर के दाम जस के तस बने हुए हैं। आम परिवार के मासिक रसोई बजट पर इसका कोई सीधा असर नहीं पड़ेगा।
व्यावसायिक गैस महंगी होने के चलते रेस्टोरेंट्स, कैफे, ढाबों और कैटरिंग व्यवसायों की उत्पादन लागत बढ़ेगी, जिसका आंशिक असर बाहर के नाश्ते और भोजन पर दिख सकता है।
2. NRI से प्रॉपर्टी खरीदने पर TDS के नियम में बड़ी राहत
अनिवासी भारतीय (NRI) विक्रेता से भारत में मकान, दुकान या जमीन खरीदने वाले भारतीय खरीदारों के लिए आयकर विभाग ने ऐतिहासिक सरलीकरण किया है:
पहले धारा 195 के तहत खरीदार को अनिवार्य रूप से TAN (Tax Deduction Account Number) लेना पड़ता था और फॉर्म 27Q में तिमाही रिटर्न भरना होता था। TAN न होने पर ₹200 प्रति दिन का विलंब शुल्क और ब्याज लग जाता था। 1 अक्टूबर 2026 से सीबीडीटी (CBDT) ने व्यक्तिगत खरीदार के लिए TAN की अनिवार्यता समाप्त कर दी है। अब खरीदार सीधे अपने PAN के जरिए Form 26QB भरकर चालान जनरेट कर सकता है और टैक्स का भुगतान कर सकता है।
3. SBI ATM से फ्री कैश निकालने के नए नियम
देश के सबसे बड़े वाणिज्यिक बैंक SBI ने अन्य बैंकों के एटीएम इस्तेमाल पर स्पष्ट दिशानिर्देश लागू किए हैं:
सैलरी और सामान्य बचत खाताधारकों को दूसरे बैंकों (Other Bank ATMs) से प्रति माह अधिकतम 5 फ्री वित्तीय और गैर-वित्तीय निकासी की सुविधा मिलेगी। 5 ट्रांजैक्शन पूरे होने के बाद प्रति अतिरिक्त निकासी बैंक द्वारा निर्धारित सेवा शुल्क और जीएसटी काटा जाएगा। बैंक ने ग्राहकों को सलाह दी है कि वे अपने नजदीकी एसबीआई के एटीएम या यूपीआई कैश निकासी का उपयोग करें।
4. बल्क फिक्स्ड डिपॉजिट (Bulk FD) और NPS चार्ज में संशोधन
भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) के नए मानकों के अनुसार बैंकों को ₹3 करोड़ और उससे अधिक की बल्क सावधि जमा (Bulk Deposits) के ब्याज दर स्लैब और समय-पूर्व निकासी नियमों की स्पष्ट जानकारी अपनी शाखाओं और वेबसाइटों पर अनिवार्य रूप से प्रदर्शित करनी होगी। इसके साथ ही पेंशन नियामक (PFRDA) ने एनपीएस खाताधारकों के सेवा शुल्कों में पारदर्शिता हेतु नए दिशा-निर्देश लागू किए हैं।
5. UPI और मर्चेंट पेमेंट्स पर स्थिति
सोशल मीडिया पर चल रही अफवाहों के विपरीत एनपीसीआई (NPCI) ने स्पष्ट किया है कि आम नागरिकों द्वारा किए जाने वाले व्यक्ति से व्यक्ति (P2P) और छोटे दुकानदारों को किए जाने वाले (P2M) बैंक-टू-बैंक यूपीआई ट्रांसफर पूर्णतः मुफ्त हैं। आम उपभोक्ताओं से किसी भी प्रकार का अधिभार नहीं लिया जा रहा है।
1 अक्टूबर 2026 से लागू प्रमुख बदलावों का सार
| नियम / सेवा | पुराना नियम | 1 अक्टूबर 2026 से नया नियम | आम नागरिक पर प्रभाव |
|---|---|---|---|
| 19kg कमर्शियल LPG | ₹2,747.50 | ₹2,810.00 (₹62.50 वृद्धि) | होटल, कैफे व नाश्ते के खर्चों पर असर |
| 14.2kg घरेलू LPG | स्थिर | स्थिर (कोई बदलाव नहीं) | घरेलू बजट पूरी तरह सुरक्षित |
| NRI प्रॉपर्टी TDS | TAN अनिवार्य था | केवल PAN आधारित (Form 26QB) | खरीदार को कागजी पेचीदगियों से राहत |
| SBI अन्य बैंक ATM | बैंक श्रेणी अनुसार छूट | अधिकतम 5 फ्री निकासी सीमा | 5 के बाद तय बैंक शुल्क लागू |
आम आदमी की जेब पर इसका क्या असर होगा?
घरेलू गैस सिलेंडर स्थिर रहने से आम परिवार के रसोई खर्च में कोई अप्रत्याशित बदलाव नहीं होगा। हालांकि बाहर खाने-पीने और कैफे बिलों में मामूली बढ़ोतरी दिख सकती है। जो नागरिक इस महीने प्रॉपर्टी रजिस्ट्री कराने जा रहे हैं या एनआरआई से सौदा कर रहे हैं, उन्हें आयकर पोर्टल पर नए Form 26QB का उपयोग करना चाहिए ताकि पेनाल्टी और टीएएन के चक्कर से पूरी तरह बचा जा सके।
जरूरी सवाल (FAQs)
प्रश्न: क्या 1 अक्टूबर से घरेलू गैस सिलेंडर महंगा हुआ है?
उत्तर: नहीं, 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में कोई बदलाव नहीं हुआ है। केवल 19 किलो कमर्शियल सिलेंडर के दाम बढ़े हैं।
प्रश्न: NRI से फ्लैट या जमीन खरीदते समय अब कौन सा फॉर्म भरना होगा?
उत्तर: अब अलग से TAN नंबर लेने की जरूरत नहीं है, खरीदार अपने PAN के जरिए सीधे फॉर्म 26QB का उपयोग कर सकता है।